New Delhi: (File Photo) PM Modi interacts with farmers during a Krishi programme in Delhi. The image was shared by Prime Minister Narendra Modi as part of PM Modis Journey Through 2025 in Pictures on the Namo App. (Photo: IANS/PMO)

नई दिल्ली, 17 जून (आईएएनएस)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने बुधवार को कहा कि भारत स्वच्छ ऊर्जा के माध्यम से टिकाऊ कृषि को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है। उन्होंने कहा कि खेती में सौर ऊर्जा के उपयोग का भारत का मॉडल अफ्रीका के लिए एक प्रभावी और बड़े पैमाने पर अपनाया जा सकने वाला समाधान साबित हो सकता है। साझा समृद्धि, समुदायों को सशक्त बनाने और खाद्य सुरक्षा को मजबूत करने की इसकी क्षमता पर जोर देते हुए प्रधानमंत्री ने इसे भारत के किसानों और पूरे देश के लिए गर्व का विषय बताया। प्रधानमंत्री मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी का एक लेख साझा करते हुए लिखा, “सौर ऊर्जा एक परिवर्तनकारी शक्ति के रूप में उभर रही है। कृषि के लिए स्वच्छ ऊर्जा के उपयोग का भारत का मॉडल अफ्रीका के लिए बड़े पैमाने पर अपनाया जा सकने वाला उदाहरण है, जो साझा समृद्धि को मजबूत करेगा, समुदायों को सशक्त बनाएगा और खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित करने में मदद करेगा। यह हमारे किसानों और हम सभी के लिए गर्व की बात है।” लेख में बताया गया है कि भारत की सौर क्रांति अब देश की सीमाओं से आगे बढ़कर अन्य देशों के लिए भी नए अवसर पैदा कर रही है। इसमें प्रधानमंत्री किसान ऊर्जा सुरक्षा एवं उत्थान महाभियान (पीएम-कुसुम) और अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन (इंटरनेशनल सोलर अलायंस) जैसी पहलों को सौर ऊर्जा आधारित कृषि और स्वच्छ ऊर्जा तक पहुंच बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाला बताया गया है। लेख में कहा गया है कि भारत का अनुभव यह दिखाता है कि नवीकरणीय ऊर्जा खेती की उत्पादकता बढ़ाने, किसानों की आय में सुधार करने और पारंपरिक ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता कम करने में मदद कर सकती है। लेख में यह भी कहा गया है कि सौर ऊर्जा आधारित सिंचाई और कृषि प्रणालियों को सफलतापूर्वक अपनाने का भारत का अनुभव उन देशों और क्षेत्रों के लिए उदाहरण बन सकता है, जो ऊर्जा उपलब्धता, जलवायु परिवर्तन और खाद्य उत्पादन जैसी चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। केंद्रीय मंत्री प्रल्हाद जोशी ने भी एक्स पर यह लेख शेयर करते हुए कहा कि भारत की सौर क्रांति देश की सीमाओं से बहुत आगे तक नई राहें खोल रही है। उन्होंने कहा कि पीएम-कुसुम और इंटरनेशनल सोलर अलायंस जैसी पहलों के माध्यम से भारत का सफल सौर ऊर्जा आधारित कृषि मॉडल कई देशों में खाद्य सुरक्षा मजबूत करने, किसानों की आय बढ़ाने और स्वच्छ ऊर्जा तक पहुंच का विस्तार करने में मदद कर रहा है। जोशी ने कहा, “भारत की सौर क्रांति अब दुनिया के कई देशों के लिए नई संभावनाओं के रास्ते तैयार कर रही है।” –आईएएनएस डीबीपी
