
नई दिल्ली, 23 मार्च। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने सोमवार को लोकसभा में वित्त विधेयक 2026 पेश किया। इस विधेयक के पारित होने के बाद केंद्रीय बजट 2026-27 में घोषित कई महत्वपूर्ण आर्थिक प्रस्तावों को कानूनी आधार मिल जाएगा।
बजट प्रस्ताव होंगे लागू
वित्त विधेयक के पारित होने के बाद बजट में घोषित
- आयकर दरों में बदलाव
- सीमा शुल्क
- उत्पाद शुल्क
से जुड़े प्रस्ताव प्रभावी हो जाएंगे।
कॉर्पोरेट कानून संशोधन विधेयक भी पेश
वित्त मंत्री ने इस दौरान कॉर्पोरेट कानून (संशोधन) विधेयक, 2026 भी लोकसभा में पेश किया। निचले सदन ने इस विधेयक को आगे की जांच के लिए संयुक्त संसदीय समिति (जेपीसी) को भेजने की मंजूरी दे दी है।
इस विधेयक का उद्देश्य
- सीमित देयता भागीदारी (LLP) अधिनियम, 2008
- कंपनी अधिनियम, 2013
में संशोधन करना है।
दो साल की चर्चा के बाद तैयार हुआ विधेयक
सीतारमण ने कहा कि यह विधेयक दो साल तक चले गहन विचार-विमर्श के बाद संसद में पेश किया गया है। कंपनी विधि समिति (CLC) की सिफारिशों को इसमें शामिल किया गया है।
कंपनी विधि समिति की सिफारिशें
सितंबर 2019 में गठित 11 सदस्यीय कंपनी विधि समिति में कई प्रमुख विशेषज्ञ शामिल थे, जिनमें—
- लोकसभा के पूर्व महासचिव टी.के. विश्वनाथन
- कोटक महिंद्रा बैंक के एमडी उदय कोटक
- शार्दुल एस. श्रॉफ
- चार्टर्ड अकाउंटेंट जी. रामास्वामी
- उद्योगपति सिद्धार्थ बिरला
जैसे सदस्य शामिल थे।
समिति ने 21 मार्च 2022 को अपनी अंतिम रिपोर्ट सरकार को सौंपी थी।
बजट सत्र का दूसरा चरण शुरू
संसद के बजट सत्र का दूसरा चरण सोमवार को सुबह 11 बजे फिर से शुरू हुआ। उगादी और ईद की छुट्टियों के कारण बीच में अवकाश था।
छुट्टियों की भरपाई के लिए संसद 28 और 29 मार्च को भी बैठक करेगी।
