अफ़ग़ानिस्तान की पूर्व पत्रकार गोलाली करीमी की लाइफ़स्टाइल और पहनावे को लेकर सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस, समर्थक और आलोचक आमने-सामने।

अफ़ग़ानिस्तान की पूर्व पत्रकार और टीवी प्रेजेंटर गोलाली करीमी एक बार फिर चर्चा में हैं। इस बार वजह उनकी पत्रकारिता नहीं, बल्कि उनकी मौजूदा लाइफ़स्टाइल और सोशल मीडिया पर साझा की जाने वाली तस्वीरें और वीडियो हैं। गोलाली करीमी के पहनावे और जीवनशैली को लेकर सोशल मीडिया पर अफ़ग़ान नागरिकों के बीच तीखी बहस छिड़ गई है।
करीमी वर्तमान में फ्रांस में रह रही हैं और मॉडलिंग के क्षेत्र में सक्रिय हैं। वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म इंस्टाग्राम और टिकटॉक पर काफी लोकप्रिय हैं। इंस्टाग्राम पर उनके करीब 2.8 लाख और टिकटॉक पर लगभग 2.3 लाख फॉलोअर्स हैं। उनकी पोस्ट और वीडियो नियमित रूप से हजारों लोगों तक पहुंचते हैं, जिसके चलते उनकी गतिविधियां अक्सर चर्चा का विषय बन जाती हैं।
पत्रकारिता से मॉडलिंग तक का सफर
गोलाली करीमी ने अपने करियर की शुरुआत अफ़ग़ानिस्तान में एक पत्रकार और टीवी प्रेजेंटर के रूप में की थी। उन्होंने देश के प्रमुख मीडिया संस्थानों में काम किया और अपनी प्रस्तुति शैली के कारण पहचान बनाई।
करीमी ने अफ़ग़ानिस्तान के चर्चित चैनलों Shamshad TV और Lemar TV में काम किया। बाद में वह फ्रांस पहुंचीं, जहां उन्होंने Begum TV से भी जुड़कर काम किया। पत्रकारिता के बाद उन्होंने मॉडलिंग और डिजिटल कंटेंट क्रिएशन की दुनिया में कदम रखा।
सोशल मीडिया पर क्यों हो रही चर्चा?
हाल के दिनों में गोलाली करीमी द्वारा साझा की गई कुछ तस्वीरों और वीडियो को लेकर सोशल मीडिया पर अलग-अलग प्रतिक्रियाएं देखने को मिली हैं। कुछ लोग उनकी स्वतंत्र जीवनशैली और पेशेवर चुनावों का समर्थन कर रहे हैं। उनका कहना है कि हर व्यक्ति को अपनी पसंद के अनुसार जीवन जीने और करियर चुनने का अधिकार है।
वहीं, कुछ आलोचकों का मानना है कि एक समय अफ़ग़ान मीडिया का जाना-पहचाना चेहरा रहीं करीमी को अपनी सार्वजनिक छवि को लेकर अधिक सावधानी बरतनी चाहिए। इसी मुद्दे को लेकर सोशल मीडिया पर बहस तेज हो गई है।
समर्थकों ने किया बचाव
गोलाली करीमी के समर्थकों का कहना है कि विदेश में रहने वाली महिलाओं को अपने जीवन से जुड़े फैसले लेने की पूरी स्वतंत्रता होनी चाहिए। उनका तर्क है कि किसी महिला के कपड़ों या व्यक्तिगत जीवनशैली के आधार पर उसका मूल्यांकन करना उचित नहीं है।
समर्थकों ने यह भी कहा कि करीमी ने अपने करियर में कई चुनौतियों का सामना किया है और आज वह अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने में सफल रही हैं।
अफ़ग़ान समाज में बदलती सोच पर चर्चा
विशेषज्ञों का मानना है कि गोलाली करीमी को लेकर चल रही बहस केवल एक व्यक्ति तक सीमित नहीं है। यह चर्चा अफ़ग़ान समाज में महिलाओं की स्वतंत्रता, अभिव्यक्ति के अधिकार और आधुनिक जीवनशैली को लेकर मौजूद विभिन्न विचारधाराओं को भी सामने ला रही है।
सोशल मीडिया के बढ़ते प्रभाव के दौर में सार्वजनिक हस्तियों के जीवन से जुड़े मुद्दे अक्सर व्यापक सामाजिक बहस का रूप ले लेते हैं और गोलाली करीमी का मामला भी उसी का एक उदाहरण माना जा रहा है।
करीमी ने यह भी कहा कि पेरिस में अफ़गानिस्तान के कुछ लोगों ने उन पर हमला भी किया. सुरक्षा कारणों से उन्हें अब तक चार बार अपना घर बदलना पड़ा.
