
मुंबई, 17 अक्टूबर ।
टीवी जगत के जाने-माने अभिनेता अर्जुन बिजलानी हाल ही में रियलिटी शो ‘राइज एंड फॉल’ में नजर आए। इस शो में प्रतियोगियों को शारीरिक और मानसिक दोनों तरह की कठिन चुनौतियों का सामना करना पड़ा। अर्जुन ने इन सभी चुनौतियों का डटकर सामना किया और अंत में विजेता बनकर ट्रॉफी अपने नाम की।
बातचीत में अर्जुन ने बताया कि शो के दौरान उन्होंने मानसिक संतुलन कैसे बनाए रखा। उन्होंने कहा, “मैं अपने साथ अपनी पत्नी नेहा और बेटे अयान की फोटो लेकर गया था। यही फोटो मेरी हिम्मत और भावनात्मक सहारा बनी। भगवान गणेश में मेरी गहरी आस्था है। हर सुबह मैं उनका नाम लेता और खुद से वादा करता कि मैं ऐसा कुछ नहीं करूँगा जिससे मुझे बाद में पछतावा हो।”
अर्जुन ने यह भी बताया कि शो के दसवें दिन से उन्हें परिवार की बहुत याद आने लगी, खासकर अपने बेटे अयान की। “मैं सोचता रहता था कि अयान क्या कर रहा होगा, घर पर सब ठीक तो होगा या नहीं। यह दूरी थोड़ी मुश्किल थी,” उन्होंने कहा।
शो के दौरान अर्जुन ने कई उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उन्होंने कहा कि इस दौरान केवल चुनौतियों पर ध्यान दिया, लेकिन व्यक्तिगत तौर पर हमेशा सच्चा और ईमानदार रहे। अर्जुन का मानना है कि यही उनकी सबसे बड़ी ताकत रही, जिसने उन्हें दर्शकों और प्रतियोगियों दोनों में अलग पहचान दिलाई।
‘राइज एंड फॉल’ के अनुभव के बारे में अर्जुन ने कहा, “यह सिर्फ एक शो नहीं था, बल्कि एक जीवन अनुभव था। इसने यह साबित किया कि हर गिरावट सिर्फ दोबारा उठने का एक मौका है। हर दिन नई चुनौती, नई सीख और आगे बढ़ने की एक नई वजह लेकर आता था। तनाव, टकराव, दोस्ती और प्रतियोगिता—सब कुछ मिला, जिसने मुझे व्यक्ति और खिलाड़ी दोनों रूप में परखा और संवारा।”मुंबई, 17 अक्टूबर (आईएएनएस)। टीवी जगत के जाने-माने अभिनेता अर्जुन बिजलानी हाल ही में रियलिटी शो ‘राइज एंड फॉल’ में नजर आए। इस शो में प्रतियोगियों को शारीरिक और मानसिक दोनों तरह की कठिन चुनौतियों का सामना करना पड़ा। अर्जुन ने इन सभी चुनौतियों का डटकर सामना किया और अंत में विजेता बनकर ट्रॉफी अपने नाम की।
आईएएनएस से बातचीत में अर्जुन ने बताया कि शो के दौरान उन्होंने मानसिक संतुलन कैसे बनाए रखा। उन्होंने कहा, “मैं अपने साथ अपनी पत्नी नेहा और बेटे अयान की फोटो लेकर गया था। यही फोटो मेरी हिम्मत और भावनात्मक सहारा बनी। भगवान गणेश में मेरी गहरी आस्था है। हर सुबह मैं उनका नाम लेता और खुद से वादा करता कि मैं ऐसा कुछ नहीं करूँगा जिससे मुझे बाद में पछतावा हो।”
अर्जुन ने यह भी बताया कि शो के दसवें दिन से उन्हें परिवार की बहुत याद आने लगी, खासकर अपने बेटे अयान की। “मैं सोचता रहता था कि अयान क्या कर रहा होगा, घर पर सब ठीक तो होगा या नहीं। यह दूरी थोड़ी मुश्किल थी,” उन्होंने कहा।
शो के दौरान अर्जुन ने कई उतार-चढ़ाव देखे, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी। उन्होंने कहा कि इस दौरान केवल चुनौतियों पर ध्यान दिया, लेकिन व्यक्तिगत तौर पर हमेशा सच्चा और ईमानदार रहे। अर्जुन का मानना है कि यही उनकी सबसे बड़ी ताकत रही, जिसने उन्हें दर्शकों और प्रतियोगियों दोनों में अलग पहचान दिलाई।
‘राइज एंड फॉल’ के अनुभव के बारे में अर्जुन ने कहा, “यह सिर्फ एक शो नहीं था, बल्कि एक जीवन अनुभव था। इसने यह साबित किया कि हर गिरावट सिर्फ दोबारा उठने का एक मौका है। हर दिन नई चुनौती, नई सीख और आगे बढ़ने की एक नई वजह लेकर आता था। तनाव, टकराव, दोस्ती और प्रतियोगिता—सब कुछ मिला, जिसने मुझे व्यक्ति और खिलाड़ी दोनों रूप में परखा और संवारा।”
