मेट्रो यात्रियों के लिए बड़ी सुविधा! अब दिल्ली के ITO मेट्रो स्टेशन से इलेक्ट्रिक स्कूटर किराये पर लेकर लास्ट-माइल सफर आसानी से पूरा कर सकेंगे। जानें बुकिंग, वेरिफिकेशन और बैटरी स्वैपिंग से जुड़ी पूरी जानकारी।

दिल्ली में मेट्रो यात्रियों के लिए लास्ट-माइल कनेक्टिविटी को आसान बनाने की नई पहल शुरू हुई है। अब यात्री मेट्रो स्टेशन से बाहर निकलते ही इलेक्ट्रिक स्कूटर किराये पर लेकर अपने गंतव्य तक जा सकेंगे।
दिल्ली में रोजाना मेट्रो से सफर करने वाले यात्रियों के लिए एक नई सुविधा शुरू की गई है। अब मेट्रो स्टेशन से उतरने के बाद घर, ऑफिस या किसी अन्य जगह तक पहुंचने के लिए हर बार ऑटो या कैब पर निर्भर रहने की जरूरत नहीं होगी। यात्री स्टेशन से ही इलेक्ट्रिक स्कूटर किराये पर लेकर आगे का सफर कर सकेंगे। इस सर्विस को भागोमो-आईराइड (Bhagomo-iRide) नाम दिया गया है। फिलहाल इसकी शुरुआत ITO मेट्रो स्टेशन के गेट नंबर 3 से की गई है।
भागो मोबिलिटी ने शुरू की सर्विस…..
इस पहल को भागो मोबिलिटी ने Honda Motorcycle & Scooter India और Honda Power Pack Energy India के साथ मिलकर शुरू किया है। इसका उद्देश्य मेट्रो यात्रियों को सुविधाजनक और पर्यावरण के अनुकूल लास्ट-माइल ट्रांसपोर्ट उपलब्ध कराना है। यात्री अपनी जरूरत के अनुसार इलेक्ट्रिक स्कूटर को कुछ घंटों से लेकर कई दिनों तक किराये पर ले सकते हैं।
सिर्फ 5 मिनट में होगी बुकिंग और वेरिफिकेशन…..

इस सर्विस की खासियत यह है कि पूरी प्रक्रिया डिजिटल रखी गई है। यात्री भागो ऐप के जरिए इलेक्ट्रिक स्कूटर बुक कर सकेंगे। वेरिफिकेशन के लिए DigiLocker आधारित सिस्टम का इस्तेमाल किया जाएगा। कंपनी के अनुसार, जरूरी प्रक्रिया करीब 5 मिनट में पूरी की जा सकती है। इससे मेट्रो से उतरने के बाद स्कूटर लेने में ज्यादा समय बर्बाद नहीं होगा और यात्री जल्दी अपने सफर पर निकल सकेंगे।
कौन सा इलेक्ट्रिक स्कूटर मिलेगा…..?
इस रेंटल सर्विस के तहत यात्रियों को Honda Activa-e इलेक्ट्रिक स्कूटर उपलब्ध कराया जाएगा। स्कूटर पूरी तरह चार्ज और टेलीमैटिक्स से कनेक्टेड होंगे। टेलीमैटिक्स सिस्टम की मदद से स्कूटर को डिजिटल तरीके से ट्रैक और मैनेज किया जा सकेगा। इससे रेंटल सर्विस को बेहतर तरीके से संचालित करने में मदद मिलेगी।
स्कूटर उसी मेट्रो स्टेशन पर करना होगा वापस…..
स्कूटर किराये पर लेने से पहले एक जरूरी बात जानना भी जरूरी है। जिस मेट्रो स्टेशन के हब से स्कूटर लिया जाएगा, सफर पूरा होने के बाद उसे उसी मेट्रो स्टेशन के हब पर वापस करना होगा। यानी यह सुविधा फिलहाल स्टेशन-टू-स्टेशन रेंटल मॉडल के तहत काम करेगी। यात्रियों को बुकिंग करते समय इस नियम का ध्यान रखना होगा।
सिर्फ 2 मिनट में बदल जाएगी बैटरी…..
इस इलेक्ट्रिक स्कूटर की एक बड़ी खासियत बैटरी स्वैपिंग सिस्टम है। बैटरी खत्म होने पर उसे लंबे समय तक चार्ज करने की जरूरत नहीं होगी। इसकी जगह चार्ज बैटरी लगाई जा सकती है। Honda के e-Swap नेटवर्क की मदद से बैटरी को करीब 2 मिनट में बदला जा सकता है। इससे रेंटल स्कूटर को लंबे समय तक इस्तेमाल में बनाए रखने में मदद मिल सकती है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, दिल्ली-NCR में करीब 90 स्टेशनों पर 202 बैटरी एक्सचेंजर के जरिए बैटरी स्वैपिंग की सुविधा उपलब्ध है।
6 प्रमुख मेट्रो स्टेशनों तक विस्तार की तैयारी…..
ITO मेट्रो स्टेशन से शुरुआत के बाद भागो मोबिलिटी इस मॉडल को दिल्ली के अन्य प्रमुख मेट्रो स्टेशनों तक ले जाने की योजना बना रही है। कंपनी की योजना DMRC के साथ मिलकर 6 प्रमुख मेट्रो स्टेशनों पर ऐसे हब विकसित करने की है। अगर यह मॉडल सफल रहता है तो आने वाले समय में मेट्रो यात्रियों को लास्ट-माइल कनेक्टिविटी के लिए एक और विकल्प मिल सकता है।
दिल्ली में बढ़ेगा EV आधारित लास्ट-माइल ट्रांसपोर्ट…..
मेट्रो और इलेक्ट्रिक स्कूटर को एक साथ जोड़ने वाली यह पहल शहर में टिकाऊ परिवहन को बढ़ावा देने की दिशा में भी अहम हो सकती है। मेट्रो से लंबी दूरी और इलेक्ट्रिक स्कूटर से आखिरी कुछ किलोमीटर का सफर पूरा होने से यात्रियों को एक सुविधाजनक विकल्प मिलेगा। साथ ही इलेक्ट्रिक वाहनों के इस्तेमाल को बढ़ावा मिलने से प्रदूषण कम करने की कोशिशों को भी समर्थन मिल सकता है।
