नोएडा सेक्टर-73 में भीषण आग, लेबर कैंप में मची अफरा-तफरी, समय रहते टला बड़ा हादसा

नोएडा: उत्तर प्रदेश के नोएडा में मंगलवार को उस समय अफरा-तफरी मच गई जब सेक्टर-73 स्थित सर्फाबाद गांव के पास झुग्गी-झोंपड़ियों और लेबर कैंप में भीषण आग लग गई। आग की लपटें इतनी तेज थीं कि दूर-दूर तक धुआं दिखाई देने लगा और इलाके में हड़कंप मच गया। शुरुआती सूचना में कई मजदूरों के आग में फंसे होने की आशंका जताई गई, जिसके बाद प्रशासन, पुलिस और दमकल विभाग की टीमें तुरंत मौके पर पहुंच गईं।
हालांकि राहत की बात यह रही कि दमकल कर्मियों और पुलिस की त्वरित कार्रवाई के चलते आग पर समय रहते काबू पा लिया गया और कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ। इस घटना में किसी के हताहत होने या फंसे होने की सूचना नहीं मिली है।
लेबर कैंप में लगी थी आग
जानकारी के अनुसार आग ग्राउंड प्लस वन फ्लोर वाली उस इमारत में लगी थी, जिसे लेबर कैंप के रूप में इस्तेमाल किया जा रहा था। यहां करीब 50 से 60 मजदूर रहते हैं। आग लगते ही कैंप में रहने वाले लोगों के बीच भगदड़ मच गई और लोग अपनी जान बचाने के लिए बाहर की ओर भागने लगे।
स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और दमकल विभाग को सूचना दी, जिसके बाद राहत एवं बचाव कार्य शुरू किया गया।
गैस रिसाव से आग लगने की आशंका
प्रारंभिक जांच में आग लगने का कारण गैस रिसाव माना जा रहा है। हालांकि अधिकारियों का कहना है कि घटना की विस्तृत जांच की जा रही है और जांच रिपोर्ट आने के बाद ही आग लगने के सही कारणों की पुष्टि हो सकेगी।
फिलहाल सुरक्षा के मद्देनजर पूरे परिसर का निरीक्षण किया जा रहा है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोका जा सके।
एक दर्जन फायर टेंडर पहुंचे मौके पर
आग की गंभीरता को देखते हुए दमकल विभाग ने एक दर्जन फायर टेंडर मौके पर भेजे। फायर ब्रिगेड की टीम ने कई घंटों की मशक्कत के बाद आग पर पूरी तरह काबू पाया। पुलिस और प्रशासन की टीमों ने भी आसपास के क्षेत्र को खाली कराया और लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया।
दमकल अधिकारियों के मुताबिक आग तेजी से फैल रही थी, लेकिन समय पर कार्रवाई होने के कारण उसे आसपास की इमारतों तक पहुंचने से रोक लिया गया।
समय रहते बच गईं दर्जनों जानें
यदि आग लगने के समय लेबर कैंप में मौजूद लोग बाहर नहीं निकल पाते या दमकल विभाग को पहुंचने में देरी होती, तो यह हादसा कहीं ज्यादा भयावह रूप ले सकता था। प्रशासन की तत्परता और दमकल विभाग की मुस्तैदी की वजह से दर्जनों मजदूरों की जान बच गई।
जांच के आदेश
घटना के बाद प्रशासन ने पूरे मामले की जांच शुरू कर दी है। साथ ही क्षेत्र में स्थित अन्य लेबर कैंपों और अस्थायी आवासों की सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा की जा रही है।
नोएडा में हुई इस घटना ने एक बार फिर लेबर कैंपों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था और गैस उपकरणों के सुरक्षित इस्तेमाल को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि इस बार किसी प्रकार की जनहानि नहीं हुई, लेकिन यह हादसा भविष्य के लिए एक बड़ी चेतावनी जरूर बनकर सामने आया है।
