NEET Protest पर बोले कमल हासन सरकार की बातचीत की पहल का किया स्वागत, बोले- "ये मौका सिर्फ पेपर लीक तक सीमित नहीं है।"

नई दिल्ली: नीट पेपर लीक और परीक्षा सुधार की मांग को लेकर जारी छात्र आंदोलन के बीच अभिनेता और राज्यसभा सांसद कमल हासन ने सरकार की बातचीत की पहल का स्वागत किया है। उन्होंने कहा कि किसी भी लोकतंत्र में टकराव की जगह संवाद होना चाहिए और मौजूदा स्थिति केवल पेपर लीक तक सीमित नहीं है, बल्कि देश की शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार का अवसर है।
संवाद ही लोकतंत्र की सबसे बड़ी ताकत: कमल हासन….
कमल हासन ने सोशल मीडिया पर साझा किए गए अपने संदेश में कहा कि सरकार का बातचीत के लिए आगे आना सकारात्मक कदम है। उनके अनुसार असहमति का समाधान हिंसा या टकराव नहीं, बल्कि बातचीत के जरिए होना चाहिए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में हर पक्ष की बात सुनी जानी चाहिए और यही स्वस्थ व्यवस्था की पहचान है।
हिंसा पर भी जताई चिंता….
कमल हासन ने अपने बयान में कहा कि किसी भी आंदोलन के दौरान अत्यधिक बल प्रयोग उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि सुरक्षा बलों पर हमले और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसी घटनाओं की भी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उनका कहना था कि जवाबदेही केवल एक पक्ष की नहीं हो सकती और कानून सभी के लिए समान होना चाहिए।
शिक्षा सुधार के लिए राष्ट्रीय आयोग बनाने की मांग….
कमल हासन ने केंद्र सरकार से शिक्षा और परीक्षा प्रणाली में सुधार के लिए एक राष्ट्रीय आयोग गठित करने की अपील की।
उन्होंने सुझाव दिया कि यह आयोग तीन महीने के भीतर एक स्पष्ट रोडमैप तैयार करे, जिसका उद्देश्य हो:
- परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता बढ़ाना।
- छात्रों का भरोसा दोबारा स्थापित करना।
- परीक्षा से जुड़ा तनाव कम करना।
- शिक्षा व्यवस्था में दीर्घकालिक सुधार लागू करना।
‘तमिलनाडु की आवाज भी सुनी जाए’….
कमल हासन ने कहा कि शिक्षा सुधार पर होने वाली चर्चा में तमिलनाडु सहित सभी राज्यों की भागीदारी जरूरी है। उन्होंने कहा कि विभिन्न राज्यों के अनुभवों को ध्यान में रखते हुए ऐसा समाधान तैयार किया जाना चाहिए जो पूरे देश के छात्रों के हित में हो।
छात्र आंदोलन जारी….
पिछले कई सप्ताह से छात्र दिल्ली के जंतर-मंतर पर परीक्षा सुधार और कथित नीट पेपर लीक मामले को लेकर प्रदर्शन कर रहे हैं। आंदोलन के दौरान कई राजनीतिक दलों, सामाजिक संगठनों और फिल्मी हस्तियों ने भी अपनी-अपनी प्रतिक्रिया दी है।
सरकार की ओर से क्या कहा गया?
सरकार की ओर से बातचीत की पहल के साथ-साथ परीक्षा प्रणाली में सुधार और मामले की जांच को लेकर भी विभिन्न स्तरों पर कार्रवाई की बात कही गई है। इस बीच कई सार्वजनिक हस्तियों ने संवाद के जरिए समाधान निकालने पर जोर दिया है।
निष्कर्ष….
कमल हासन का मानना है कि यह समय केवल एक विवाद का समाधान खोजने का नहीं, बल्कि देश की शिक्षा व्यवस्था को अधिक पारदर्शी, भरोसेमंद और छात्र-केंद्रित बनाने का अवसर है। उनका कहना है कि यदि सभी पक्ष मिलकर काम करें तो आने वाले समय में परीक्षा प्रणाली को और मजबूत बनाया जा सकता है.
