⏳ ITR फाइल करने की आखिरी तारीख 31 जुलाई! अब सिर्फ 9 दिन बचे हैं। समय रहते इनकम टैक्स रिटर्न भरें, नहीं तो लेट फीस और रिफंड में देरी जैसी परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
By Acharan.in | बिजनेस डेस्क

अगर आप नौकरीपेशा हैं, पेंशन प्राप्त करते हैं या शेयर, म्यूचुअल फंड और प्रॉपर्टी से आय अर्जित करते हैं, तो आपके लिए यह खबर बेहद महत्वपूर्ण है। आकलन वर्ष (Assessment Year) 2026-27 के लिए इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) दाखिल करने की अंतिम तिथि 31 जुलाई 2026 है। अब डेडलाइन में सिर्फ 9 दिन शेष हैं। समय पर ITR फाइल नहीं करने पर लेट फीस, रिफंड में देरी और अन्य परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
31 जुलाई है ITR फाइल करने की आखिरी तारीख….
आयकर विभाग के ई-फाइलिंग पोर्टल पर करोड़ों टैक्सपेयर्स रजिस्टर्ड हैं। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार, 21 जुलाई 2026 तक करीब 3.15 करोड़ लोग अपना ITR दाखिल कर चुके हैं, जबकि बड़ी संख्या में टैक्सपेयर्स को अभी भी रिटर्न फाइल करना बाकी है।
सभी बैंक अकाउंट की जानकारी देना जरूरी….
ITR भरते समय अब आपको अपने सभी सक्रिय (Active) बैंक खातों की जानकारी देना अनिवार्य है।
इनमें शामिल हैं—
- सेविंग अकाउंट
- करंट अकाउंट
- ओवरड्राफ्ट अकाउंट
- कैश क्रेडिट अकाउंट
- NRO अकाउंट
यदि आपने किसी सक्रिय बैंक खाते की जानकारी छिपाई और बाद में आयकर विभाग को इसकी जानकारी मिलती है, तो प्रति बैंक अकाउंट 10,000 रुपये तक का जुर्माना लगाया जा सकता है।
रिफंड अटक सकता है….
यदि आप टैक्स रिफंड के पात्र हैं, तो आपका बैंक अकाउंट आयकर ई-फाइलिंग पोर्टल पर Validated होना चाहिए। अगर मुख्य बैंक खाते में कोई तकनीकी समस्या आती है, तो विभाग आपके किसी अन्य वैलिडेटेड अकाउंट में रिफंड भेज सकता है। लेकिन यदि आपने सभी सक्रिय खाते दर्ज नहीं किए हैं, तो रिफंड मिलने में देरी हो सकती है।
डेडलाइन चूकने पर क्या होगा?
अगर आप 31 जुलाई तक ITR दाखिल नहीं कर पाते हैं, तब भी Income Tax Act की धारा 139(4) के तहत Belated Return दाखिल किया जा सकता है।
हालांकि इसके लिए लेट फीस देनी होगी—
- वार्षिक आय 5 लाख रुपये से अधिक: 5,000 रुपये तक लेट फीस
- वार्षिक आय 5 लाख रुपये या उससे कम: 1,000 रुपये लेट फीस
इसके अलावा, कुछ मामलों में ब्याज और अन्य वित्तीय नुकसान भी हो सकता है।
नया टैक्स कानून अभी क्यों लागू नहीं हो रहा?
हालांकि नया आयकर अधिनियम 2025 लागू हो चुका है, लेकिन अभी जो ITR दाखिल किया जा रहा है वह वित्त वर्ष 2025-26 (1 अप्रैल 2025 से 31 मार्च 2026) की आय से संबंधित है। इसलिए Assessment Year 2026-27 के लिए रिटर्न अभी भी Income Tax Act, 1961 के नियमों के अनुसार ही दाखिल किया जा रहा है। नए कानून का प्रभाव चालू वित्त वर्ष की आय पर पड़ेगा, जिसका ITR अगले वर्ष दाखिल किया जाएगा।
समय रहते पूरा करें यह काम….
ITR फाइल करने से पहले इन बातों की जांच जरूर करें—
- सभी बैंक अकाउंट की जानकारी सही दर्ज करें।
- PAN और Aadhaar लिंक की स्थिति जांच लें।
- बैंक अकाउंट वैलिडेट कर लें।
- Form 16, AIS और Form 26AS का मिलान करें।
- समय सीमा से पहले रिटर्न दाखिल कर ई-वेरिफिकेशन भी पूरा करें।
