EV Subsidy: इलेक्ट्रिक स्कूटर-बाइक पर सरकार ने मंजूर किए 1000 करोड़, ऐसे मिलेगा फायदा.....

इलेक्ट्रिक स्कूटर और बाइक खरीदने वालों के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। सरकार ने PM E-DRIVE योजना के तहत इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए अतिरिक्त 1000 करोड़ रुपये की सब्सिडी को मंजूरी दी है। इस फैसले का उद्देश्य देश में इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स की बिक्री को बढ़ावा देना और लोगों को पेट्रोल-डीजल से इलेक्ट्रिक वाहनों की ओर प्रोत्साहित करना है। इस अतिरिक्त राशि के साथ इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए मिलने वाला प्रोत्साहन मार्च 2028 तक जारी रखने की योजना है। ऐसे में इलेक्ट्रिक स्कूटर या बाइक खरीदने की तैयारी कर रहे लोगों के लिए यह खबर काफी महत्वपूर्ण है।
सरकार ने क्यों बढ़ाई EV Subsidy….?
केंद्र सरकार देश में इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री बढ़ाने पर लगातार जोर दे रही है। खासतौर पर दोपहिया वाहन बाजार में इलेक्ट्रिक वाहनों की हिस्सेदारी बढ़ाने की कोशिश की जा रही है। सरकार का मानना है कि भारत में बड़ी संख्या में लोग रोजमर्रा के आवागमन के लिए दोपहिया वाहनों का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे में इलेक्ट्रिक स्कूटर और बाइक को बढ़ावा देने से पेट्रोल पर निर्भरता कम करने में मदद मिल सकती है। इसके अलावा इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन शहरी इलाकों में छोटी दूरी की यात्रा और लास्ट-माइल कनेक्टिविटी के लिए भी उपयोगी माने जाते हैं।
इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए 1000 करोड़ रुपये….
मिनिस्ट्री ऑफ हेवी इंडस्ट्रीज के एक अधिकारी के मुताबिक, इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स के लिए PM E-DRIVE योजना के तहत अतिरिक्त बजट की जरूरत थी। योजना के तहत इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए पहले तय की गई अवधि जुलाई 2026 के आसपास समाप्त होने वाली थी। इसे आगे जारी रखने के लिए मंत्रालय ने वित्त मंत्रालय से अतिरिक्त राशि की मांग की थी। अब वित्त मंत्रालय ने 1000 करोड़ रुपये की अतिरिक्त राशि को मंजूरी दे दी है। इससे इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों पर मिलने वाली प्रोत्साहन राशि को आगे भी जारी रखने में मदद मिलेगी।
आम लोगों को कैसे मिलेगा फायदा….?
अगर आप इलेक्ट्रिक स्कूटर या बाइक खरीदने की योजना बना रहे हैं तो इस योजना के तहत पात्र वाहन पर सरकारी प्रोत्साहन मिल सकता है। सब्सिडी की राशि सीधे ग्राहक के बैंक खाते में आने के बजाय आमतौर पर वाहन की खरीद कीमत में समायोजित की जाती है। इसका मतलब है कि पात्र ग्राहक को इलेक्ट्रिक वाहन खरीदते समय प्रभावी कीमत में राहत मिल सकती है। यह लाभ वाहन की पात्रता, बैटरी क्षमता और उस समय लागू PM E-DRIVE के नियमों के आधार पर निर्धारित होगा।
कितनी सब्सिडी मिलती है….?
PM E-DRIVE योजना के तहत पात्र इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों पर प्रोत्साहन राशि दी जाती है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार योजना में इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन पर अधिकतम 5,000 रुपये तक प्रति kWh के हिसाब से प्रोत्साहन का प्रावधान रहा है, हालांकि कुल लाभ योजना की तय सीमा और समय के अनुसार बदल सकता है। इसलिए EV खरीदने से पहले ग्राहक को यह जरूर जांच लेना चाहिए कि संबंधित मॉडल मौजूदा योजना के तहत पात्र है या नहीं और उस समय कितनी प्रोत्साहन राशि उपलब्ध है।
इलेक्ट्रिक टू-व्हीलर्स की हिस्सेदारी बढ़ाने का लक्ष्य….
सरकार इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों की बिक्री को तेजी से बढ़ाना चाहती है। फिलहाल देश में कुल दोपहिया वाहनों की बिक्री में इलेक्ट्रिक वाहनों की हिस्सेदारी करीब 7.6 फीसदी बताई जा रही है। सरकार इसे बढ़ाकर करीब 9 से 10 फीसदी तक ले जाने की कोशिश कर रही है। अतिरिक्त 1000 करोड़ रुपये की राशि इसी दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम मानी जा रही है।
कब शुरू हुई थी PM E-DRIVE योजना….?
PM E-DRIVE योजना सितंबर 2024 में शुरू की गई थी। इसके लिए कुल 10,900 करोड़ रुपये का बजट निर्धारित किया गया था। योजना को 1 अक्टूबर 2024 से लागू किया गया था। शुरुआत में इस योजना को मार्च 2026 तक चलाने की योजना थी, लेकिन बाद में इसकी अवधि बढ़ाई गई। अब इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए अतिरिक्त बजट मंजूर होने के बाद इस सेगमेंट को और समय तक सरकारी प्रोत्साहन मिलने की उम्मीद है।
EV खरीदने से पहले इन बातों का रखें ध्यान….
अगर आप सब्सिडी का फायदा उठाकर इलेक्ट्रिक स्कूटर या बाइक खरीदना चाहते हैं तो सिर्फ सब्सिडी देखकर वाहन खरीदने से बचें। वाहन की रेंज, बैटरी वारंटी, चार्जिंग सुविधा, सर्विस नेटवर्क और बैटरी रिप्लेसमेंट की लागत भी जरूर देखें। इसके साथ ही यह भी जांचें कि जिस मॉडल को आप खरीद रहे हैं वह उस समय PM E-DRIVE योजना के तहत पात्र है या नहीं। केंद्र सरकार की ओर से अतिरिक्त 1000 करोड़ रुपये की मंजूरी से इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहन बाजार को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इससे ग्राहकों को इलेक्ट्रिक स्कूटर और बाइक खरीदने में प्रोत्साहन मिल सकता है और सरकार के इलेक्ट्रिक मोबिलिटी को बढ़ावा देने के लक्ष्य को भी मजबूती मिलेगी।
