गैस लाइटर की चिंगारी हो गई है कमजोर?

किचन में रोज इस्तेमाल होने वाला गैस लाइटर कई बार अचानक कमजोर चिंगारी देने लगता है। बार-बार क्लिक करने के बावजूद गैस नहीं जलती तो अक्सर लोग इसे खराब समझकर नया लाइटर खरीद लेते हैं। लेकिन कई बार समस्या सिर्फ गंदगी, नमी या स्पार्क पिन से जुड़ी होती है। कुछ आसान चीजें जांचकर आप पता कर सकते हैं कि लाइटर को बदलने की जरूरत है या नहीं।
चिंगारी कमजोर होने की सबसे आम वजह क्या है?
गैस लाइटर की स्पार्क पिन पर समय के साथ तेल, धुआं, कार्बन और दूसरी गंदगी जमा हो सकती है। इससे स्पार्क कमजोर दिखाई दे सकता है। लाइटर को गैस और आग से दूर रखकर उसके बाहरी हिस्से और स्पार्क पिन को सूखे कपड़े या मुलायम ब्रश से धीरे-धीरे साफ किया जा सकता है। सफाई करते समय पिन को किसी नुकीली चीज से खुरचने या जोर लगाने से बचें। इससे लाइटर का स्पार्क सिस्टम खराब हो सकता है।
बटन दबाने में परेशानी हो तो क्या करें?
अगर लाइटर का बटन दबाने में पहले से ज्यादा सख्त हो गया है या दबाने के बाद वापस नहीं आ रहा, तो उसके आसपास गंदगी या नमी जमा हो सकती है। ऐसे में लाइटर के बाहरी हिस्से को अच्छी तरह साफ करें और देखें कि बटन सामान्य तरीके से काम कर रहा है या नहीं।
बटन के अंदर पानी, तेल या कोई दूसरा तरल डालकर उसे ठीक करने की कोशिश न करें।
लाइटर गिरने के बाद कमजोर हुई चिंगारी
कई बार लाइटर जमीन पर गिरने या किसी चीज से जोर से टकराने के बाद भी ठीक से स्पार्क नहीं करता। इससे उसके अंदर का कोई हिस्सा अपनी जगह से हिल सकता है।
अगर लाइटर की बॉडी टूट गई है या उसका कोई हिस्सा ढीला दिखाई दे रहा है, तो उसे खोलकर खुद रिपेयर करने के बजाय बदल देना ज्यादा सुरक्षित है।
नमी भी बन सकती है वजह
सिंक के पास रखा लाइटर लगातार पानी की छींटों या किचन की भाप के संपर्क में आ सकता है। नमी स्पार्क सिस्टम के काम को प्रभावित कर सकती है। ऐसी स्थिति में लाइटर को सूखी और हवादार जगह पर कुछ समय रखें और पूरी तरह सूखने के बाद ही इस्तेमाल करें। लाइटर को तेज धूप, गैस की लौ या किसी गर्म उपकरण से गर्म करके जल्दी सुखाने की कोशिश न करें।
कुछ लाइटर में फ्लिंट भी होता है
हर गैस लाइटर का डिजाइन एक जैसा नहीं होता। कुछ मॉडलों में इलेक्ट्रिक स्पार्क सिस्टम की जगह फ्लिंट मैकेनिज्म का इस्तेमाल होता है। अगर ऐसे लाइटर में पहिया घूम रहा है लेकिन चिंगारी नहीं निकल रही, तो फ्लिंट घिसा हुआ हो सकता है।
फ्लिंट बदलना हो तो संबंधित निर्माता के निर्देशों का पालन करें। अगर लाइटर खोलने की जरूरत पड़ रही है और आपको इसकी जानकारी नहीं है, तो इसे खुद खोलने से बचें।
जंग या टूट-फूट को नजरअंदाज न करें
पुराने लाइटर के धातु वाले हिस्सों में जंग लगने से भी उसका मैकेनिज्म प्रभावित हो सकता है। हल्की बाहरी गंदगी को साफ किया जा सकता है, लेकिन अगर लाइटर की बॉडी टूटी हुई है, ट्रिगर खराब है या गैस से जुड़ा हिस्सा क्षतिग्रस्त दिखाई दे रहा है तो इसे इस्तेमाल न करें। ऐसे मामलों में नया और सुरक्षित लाइटर लेना बेहतर विकल्प है।
गैस की गंध आए तो लाइटर इस्तेमाल न करें
यह सबसे जरूरी सावधानी है। अगर किचन में गैस की गंध आ रही है या आपको गैस लीक होने का शक है, तो लाइटर से चिंगारी पैदा करने की कोशिश बिल्कुल न करें। गैस लीक की स्थिति में किसी भी तरह की लौ या स्पार्क आग लगने का कारण बन सकता है। ऐसे समय गैस सप्लाई को सुरक्षित तरीके से बंद करें, क्षेत्र को हवादार करें और जरूरत पड़ने पर योग्य गैस तकनीशियन की मदद लें।
अगर सफाई और पूरी तरह सूखने के बाद भी लाइटर काम नहीं करता, या उसमें टूट-फूट, गैस लीक, खराब वाल्व अथवा असामान्य गर्म होने जैसी समस्या है, तो उसे रिपेयर करने की कोशिश न करें।
Disclaimer: यह लेख सामान्य घरेलू जानकारी के लिए है। गैस उपकरण या लाइटर के अंदरूनी हिस्सों की मरम्मत खुद करने की कोशिश न करें। गैस की गंध, रिसाव, टूट-फूट या किसी गंभीर खराबी की स्थिति में उपकरण का इस्तेमाल बंद कर विशेषज्ञ की सहायता लें।
