
तेहरान, 10 मार्च। ईरान मिसाइल हमला जारी रखने के संकेत देते हुए देश के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा है कि उनका देश “जब तक आवश्यक होगा” सैन्य कार्रवाई जारी रखेगा। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि फिलहाल अमेरिका के साथ किसी भी प्रकार की बातचीत एजेंडे में नहीं है।
अमेरिका से बातचीत की संभावना से इनकार
अमेरिकी प्रसारक पीबीएस न्यूज को दिए इंटरव्यू में अराघची ने कहा कि मौजूदा परिस्थितियों में ईरान पीछे हटने वाला नहीं है।
उन्होंने कहा कि ईरान की सैन्य कार्रवाई तब तक जारी रह सकती है जब तक उसे अपने सुरक्षा हितों की रक्षा के लिए जरूरी समझा जाएगा। साथ ही उन्होंने यह भी साफ किया कि वाशिंगटन के साथ किसी कूटनीतिक वार्ता की फिलहाल कोई संभावना नहीं है।
ट्रंप के बयान पर प्रतिक्रिया
अराघची का यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया था कि ईरान के साथ चल रहा युद्ध “बहुत जल्द खत्म” हो जाएगा।
ट्रंप के इस बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए ईरानी विदेश मंत्री ने संकेत दिया कि जमीनी हालात कहीं अधिक जटिल हैं और संघर्ष के जल्द खत्म होने की संभावना फिलहाल कम दिखाई देती है।
सुरक्षा हितों की रक्षा को बताया प्राथमिकता
अराघची ने कहा कि ईरान अपने राष्ट्रीय और क्षेत्रीय हितों की रक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देता है।
उनके मुताबिक यदि देश पर दबाव बनाया जाता है या उसके खिलाफ सैन्य कार्रवाई होती है, तो उसका जवाब देना ईरान का अधिकार है। इसी कारण मिसाइल हमलों को उन्होंने “रक्षात्मक प्रतिक्रिया” बताया।
तनाव के बीच बातचीत मुश्किल
ईरानी विदेश मंत्री ने यह भी कहा कि जब तक क्षेत्र में सैन्य तनाव और दबाव की नीति जारी रहेगी, तब तक अमेरिका के साथ किसी सार्थक वार्ता का माहौल बनना मुश्किल है।
उनके अनुसार मौजूदा हालात में कूटनीतिक समाधान की संभावनाएं बेहद सीमित नजर आ रही हैं।
