वैभव सूर्यवंशी विवाद पर BCCI का बड़ा बयान सामने आया है। बोर्ड ने कहा कि मामले में कोई दखल नहीं दिया जाएगा और फैसला मैच रेफरी ही करेंगे। श्रीलंकाई खिलाड़ी को धक्का देने की घटना के बाद अब सबकी नजर कार्रवाई पर टिकी

नई दिल्ली: भारत की क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने विवाद के बीच भारत के उभरते सितारे वैभव सूर्यवंशी की स्थिति को लेकर एक बयान जारी किया है। बोर्ड की ओर से स्पष्ट संदेश देते हुए इसके सचिव ने कहा, “BCCI इस मामले में दखल नहीं देगा।” साथ ही उन्होंने जोड़ा कि नियमों के मुताबिक फैसला और कार्रवाई केवल मैच रेफरी के अधिकार क्षेत्र में है।
दरअसल, घरेलू क्रिकेट में एक रोमांचक मुकाबला हुआ था, जब वैभव सूर्यवंशी का श्रीलंकाई खिलाड़ी से तीखा विवाद हो गया था। रिपोर्ट्स के मुताबिक, मैच के दौरान वैभव सूर्यवंशी की प्रतिद्वंद्वी खिलाड़ी से झड़प हुई, जिसमें उसने उसे धक्का दिया। सोशल नेटवर्किंग साइट्स पर इस घटना का वीडियो और तस्वीरें वायरल हो गईं, जिसके बाद मामला तूल पकड़ने लगा।
जैसे ही विवाद खड़ा हुआ, क्रिकेट प्रशंसकों और विशेषज्ञों के बीच यह बहस तेज हो गई कि क्या इस युवा खिलाड़ी को दंड मिलेगा या नहीं। इस बीच BCCI के सचिव ने कहा कि अंतरराष्ट्रीय और आयु-समूह के टूर्नामेंटों में इस तरह की किसी भी घटना पर “यकीनन” मैच रेफरी का अधिकार होता है, जिनकी सहायता संबंधित अधिकारी करते हैं।
मैच रेफरी घटना को देखेंगे और उसी के अनुसार फैसला लेंगे, उन्होंने उपलब्ध फुटेज का उदाहरण देते हुए कहा। बोर्ड इस प्रक्रिया में दखल नहीं देगा और क्रिकेट के नियम तय कर दिए गए हैं।
भारत के सबसे चमकदार युवा खिलाड़ियों में से एक वैभव सूर्यवंशी ने अपनी परफॉर्मेंस से कम उम्र में ही खुद को स्टार बना लिया। लेकिन इस घटना के बाद उसके व्यवहार को लेकर भी सवाल उठे। क्रिकेट के कमेंटेटर और विशेषज्ञ मानते हैं कि युवा खिलाड़ियों को मैदान पर शांत रहना चाहिए, क्योंकि उनका व्यवहार लाखों प्रशंसकों के लिए उदाहरण बन जाता है।
अब सबकी नजर मैच रेफरी पर है। अगर घटना आचार संहिता के उल्लंघन के तौर पर पाई जाती है, तो वैभव सूर्यवंशी को फटकार लगाई जा सकती है, जुर्माना लगाया जा सकता है या फिर कोई अन्य अनुशासनात्मक कार्रवाई की जा सकती है।
अब यह देखना बाकी है कि जांच के निष्कर्ष और युवा खिलाड़ी के करियर पर पड़ने वाले संभावित असर को लेकर मैच अधिकारियों की ओर से क्या निर्णय सामने आता है।
