मुंबई में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के बीच IMD ने रेड अलर्ट जारी किया है। कई इलाकों में सिर्फ 5 घंटे में 70 मिमी से अधिक बारिश दर्ज की गई, जिससे जलभराव और यातायात प्रभावित हुआ।

महाराष्ट्र की राजधानी मुंबई में लगातार हो रही भारी बारिश ने जनजीवन को प्रभावित कर दिया है। कई इलाकों में जलभराव की स्थिति बन गई है, जबकि मौसम विभाग (IMD) ने मुंबई सहित पालघर, ठाणे और रायगढ़ के लिए रेड अलर्ट जारी किया है। अगले 24 से 48 घंटों के दौरान भारी से बहुत भारी बारिश की संभावना जताई गई है।
मौसम विभाग ने चेतावनी दी है कि कुछ स्थानों पर अत्यधिक वर्षा के साथ 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं।
सिर्फ 5 घंटे में 70mm से ज्यादा बारिश
शुक्रवार को सुबह से दोपहर के बीच मुंबई के कई हिस्सों में तेज बारिश दर्ज की गई। नगर निगम के आंकड़ों के अनुसार—
- बांद्रा: 73.8 मिमी बारिश
- प्रभादेवी: 72.2 मिमी
- बांद्रा पश्चिम: 70.8 मिमी
- परेल: 69.4 मिमी
सिर्फ पांच घंटे में हुई इतनी बारिश के कारण कई निचले इलाकों में जलभराव हो गया।
कई इलाकों में जलभराव
लगातार बारिश की वजह से सड़कों पर पानी भर गया, जिससे लोगों को आवाजाही में दिक्कतों का सामना करना पड़ा। हालांकि, अधिकारियों के अनुसार मुंबई मेट्रो, उपनगरीय लोकल ट्रेन और BEST बस सेवाएं फिलहाल संचालित हो रही हैं।
कुछ यात्रियों ने ट्रैफिक जाम और लोकल ट्रेनों के देरी से चलने की शिकायत भी की है।
अगले दो दिन कैसा रहेगा मौसम?
IMD के पूर्वानुमान के अनुसार—
- शुक्रवार दोपहर को जारी IMD के जिलेवार पूर्वानुमान के अनुसार, 4 और 5 जुलाई को शहर में कुछ जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश और कुछ अलग-अलग इलाकों में बहुत ज्यादा बारिश होने की संभावना है. मौसम विभाग के इस पूर्वानुमान के सच होने की संभावना को ‘बहुत ज़्यादा’ बताया गया है.
- IMD ने सोमवार (06 जुलाई) को भी मुंबई में कुछ अलग-अलग जगहों पर भारी से बहुत भारी बारिश का अनुमान लगाया है, जबकि मंगलवार को कुछ जगहों पर भारी बारिश होने की संभावना है. BMC अधिकारियों के अनुसार, ठाणे और पालघर ज़िलों में भी शनिवार और रविवार के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी किया गया है, जहाँ कुछ अलग-अलग इलाकों में बहुत ज़्यादा बारिश होने का अनुमान है. रायगढ़ जिले के लिए भी शुक्रवार और शनिवार के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी किया गया है.
प्रशासन अलर्ट मोड पर
भारी बारिश की चेतावनी को देखते हुए स्थानीय प्रशासन और आपदा प्रबंधन टीमें सतर्क हैं। निचले इलाकों पर विशेष निगरानी रखी जा रही है और जलभराव की स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक इंतजाम किए गए हैं।
