IPL से हटेगा Impact Player Rule?

इंडियन प्रीमियर लीग में हर सीजन कुछ नए नियम और बदलाव चर्चा में रहते हैं। इनमें Impact Player Rule पिछले कुछ वर्षों से सबसे ज्यादा बहस वाले नियमों में शामिल रहा है। इस नियम ने टीमों को मैच के दौरान एक अतिरिक्त खिलाड़ी का इस्तेमाल करने का विकल्प दिया, लेकिन इसके कारण गेंदबाजों और ऑलराउंडरों की भूमिका को लेकर लगातार सवाल भी उठते रहे हैं।
अब IPL 2027 से पहले भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी BCCI इस नियम की दोबारा समीक्षा करने की तैयारी में है। बोर्ड ने लीग की सभी 10 फ्रेंचाइजी से Impact Player Rule को लेकर उनकी राय मांगी है।
BCCI ने सभी 10 टीमों से मांगा फीडबैक
रिपोर्ट्स के मुताबिक BCCI ने सभी 10 IPL टीमों को Impact Player Rule पर अपनी रिपोर्ट और राय देने के लिए कहा है। फ्रेंचाइजी से मिलने वाले फीडबैक के आधार पर बोर्ड आगे इस नियम को जारी रखने, बदलने या समाप्त करने पर विचार कर सकता है।
इसका मतलब यह नहीं है कि BCCI ने Impact Player Rule को हटाने का फैसला कर लिया है। फिलहाल बोर्ड इस नियम के फायदे और नुकसान को समझने के लिए फ्रेंचाइजी की राय जुटा रहा है।
2023 में IPL में आया था Impact Player Rule
Impact Player Rule को पहली बार IPL में 2023 सीजन के दौरान लागू किया गया था। इसके तहत टीमों को मैच के दौरान एक खिलाड़ी को बदलकर उसकी जगह दूसरे खिलाड़ी को मैदान पर उतारने की अनुमति दी गई। टॉस से पहले दोनों टीमें पांच- पांच खिलाड़ियों को सब्स्टीट्यूट के तौर पर नामित करती हैं। इनमें से किसी एक खिलाड़ी को मैच की परिस्थितियों के अनुसार Impact Player के रूप में इस्तेमाल किया जा सकता है। किसी खिलाड़ी के आउट होने, ओवर की समाप्ति या पारी खत्म होने जैसे निर्धारित मौकों पर टीम Impact Player को मैदान पर ला सकती है। जिस खिलाड़ी की जगह Impact Player मैदान पर आता है, वह दोबारा उस मुकाबले में हिस्सा नहीं ले सकता।
बल्लेबाजों को ज्यादा फायदा मिलने का आरोप
Impact Player Rule की सबसे बड़ी आलोचना इस बात को लेकर होती रही है कि इससे बल्लेबाजी करने वाली टीमों को अतिरिक्त फायदा मिल सकता है। कई बार टीम एक अतिरिक्त बल्लेबाज को मैदान पर उतारकर अपनी बल्लेबाजी को मजबूत कर सकती है। इसी वजह से इस नियम को गेंदबाजों के लिए चुनौतीपूर्ण बताया जाता है।
हाल के IPL सीजन में बड़े स्कोर वाले मुकाबलों की संख्या बढ़ने के बाद भी इस नियम को लेकर बहस तेज हुई है। हालांकि, केवल Impact Player Rule को ही बड़े स्कोर के लिए जिम्मेदार नहीं माना जा सकता, क्योंकि पिच, बल्लेबाजों का प्रदर्शन और टी20 क्रिकेट की बदलती रणनीति जैसे कई दूसरे कारक भी इसमें भूमिका निभाते हैं।
कई बड़े खिलाड़ियों ने किया है विरोध
Impact Player Rule को लेकर कई भारतीय क्रिकेटरों ने अपनी राय सार्वजनिक रूप से रखी है। रोहित शर्मा, श्रेयस अय्यर, हार्दिक पांड्या और शुभमन गिल जैसे खिलाड़ियों ने अलग-अलग मौकों पर इस नियम की आलोचना की है। खास तौर पर यह तर्क दिया जाता रहा है कि इस नियम के कारण टीमों को अतिरिक्त बल्लेबाज रखने की सुविधा मिलती है, जिससे गेंदबाजों के लिए मुकाबला कठिन हो सकता है।
कुछ क्रिकेट विशेषज्ञों का मानना है कि इससे ऑलराउंडरों की जरूरत और महत्व भी प्रभावित हो सकता है, क्योंकि टीम परिस्थितियों के अनुसार विशेषज्ञ बल्लेबाज या गेंदबाज को Impact Player के रूप में इस्तेमाल कर सकती है।
BCCI के कुछ अधिकारी कर चुके हैं नियम का बचाव
जहां कई खिलाड़ियों ने Impact Player Rule पर सवाल उठाए हैं, वहीं BCCI की ओर से इसके पक्ष में भी तर्क दिए गए हैं। BCCI सचिव देवजीत सैकिया पहले इस नियम का समर्थन कर चुके हैं। उनका तर्क रहा है कि Impact Player Rule के बावजूद कम स्कोर वाले मुकाबले भी देखने को मिले हैं और गेंदबाजों को विकेट हासिल करने के मौके मिलते रहे हैं। यानी बोर्ड के भीतर भी इस नियम को लेकर पूरी तरह एक जैसी राय नहीं रही है। अब सभी फ्रेंचाइजी से फीडबैक मांगे जाने के बाद इस बहस को एक नया मोड़ मिल गया है।
IPL 2027 से पहले क्या हो सकता है बदलाव?
IPL 2027 अभी दूर है, इसलिए BCCI के पास नियम की समीक्षा करने और सभी पक्षों पर विचार करने के लिए पर्याप्त समय है। फ्रेंचाइजी की राय मिलने के बाद बोर्ड Impact Player Rule के प्रभाव का मूल्यांकन कर सकता है। अगर ज्यादातर टीमों की राय नियम के खिलाफ जाती है, तो इसे हटाने या इसके मौजूदा स्वरूप में बदलाव की संभावना बन सकती है। दूसरी तरफ अगर टीमों का फीडबैक नियम के पक्ष में रहता है, तो इसे आगे भी जारी रखा जा सकता है।
सिर्फ Impact Player Rule ही नहीं, इन मुद्दों पर भी चर्चा
BCCI IPL से जुड़े कई दूसरे पहलुओं की भी समीक्षा कर रहा है। इनमें PMOA यानी Players and Match Officials Area, अंपायरिंग, अभ्यास सत्र और प्लेइंग कंडीशंस जैसे मुद्दे शामिल बताए जा रहे हैं। हालांकि, इन सभी मुद्दों के बीच Impact Player Rule सबसे ज्यादा चर्चा में है। इसकी वजह यह है कि पिछले कुछ वर्षों में इस नियम का मैच की रणनीति और टीम कॉम्बिनेशन पर सीधा असर दिखाई दिया है।
क्या Impact Player Rule पूरी तरह खत्म हो जाएगा?
फिलहाल इसका जवाब देना जल्दबाजी होगी। BCCI ने अभी सिर्फ नियम पर फीडबैक मांगा है। इसे हटाने का कोई अंतिम फैसला सामने नहीं आया है। आने वाले समय में फ्रेंचाइजी की राय और बोर्ड के आकलन के आधार पर फैसला लिया जा सकता है। इसलिए अभी यह कहना सही नहीं होगा कि IPL 2027 में Impact Player Rule निश्चित तौर पर नहीं होगा।
