
संयुक्त राष्ट्र, 20 मार्च। भारत ने वक्फ़ कानून को लेकर संयुक्त राष्ट्र के एक विशेषज्ञ की रिपोर्ट को सिरे से खारिज करते हुए उसे “तथ्यों के विपरीत” और “शत्रुतापूर्ण” करार दिया है।
जिनेवा में मानवाधिकार परिषद की बैठक के दौरान भारत के संयुक्त राष्ट्र मिशन के काउंसलर गौरव कुमार ठाकुर ने कहा कि रिपोर्ट में किए गए दावे न केवल तथ्यात्मक रूप से गलत हैं, बल्कि भारत की पृष्ठभूमि और इतिहास की सही समझ पर आधारित भी नहीं हैं।
उन्होंने स्पष्ट तौर पर कहा,
“टिप्पणियों की शैली और सामग्री भारत के प्रति शत्रुतापूर्ण दृष्टिकोण को दर्शाती है।”
क्या है पूरा मामला
मानवाधिकार परिषद के विशेष रैपोर्टियर स्वतंत्र विशेषज्ञ होते हैं, जो व्यक्तिगत क्षमता में रिपोर्ट तैयार करते हैं। उनकी रिपोर्ट परिषद का आधिकारिक दृष्टिकोण जरूरी नहीं दर्शाती।
जिनेवा विश्वविद्यालय के प्रोफेसर लेवराट ने अपनी रिपोर्ट में दावा किया था कि
वक्फ़ संशोधन अधिनियम मुस्लिम समुदाय की धार्मिक संपत्तियों के स्वामित्व और संचालन को प्रभावित कर सकता है।
भारत का जवाब
भारत ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि यह कानून
- पारदर्शिता बढ़ाने
- लैंगिक समानता सुनिश्चित करने
- और प्रशासन को अधिक प्रभावी बनाने के लिए लाया गया है
ठाकुर ने कहा कि यह अधिनियम बोहरा और अगाखानी जैसे अल्पसंख्यक मुस्लिम संप्रदायों को सशक्त बनाता है और उन्हें अपने धार्मिक संस्थानों के प्रबंधन का अधिकार देता है।
रिपोर्ट पर सवाल
भारत ने यह भी आरोप लगाया कि रिपोर्ट कुछ ऐसे संगठनों के इनपुट पर आधारित है,
जो देश की बहुसांस्कृतिक छवि को तोड़-मरोड़कर पेश करना चाहते हैं।
रिपोर्ट तैयार करने वाले विशेषज्ञ ने न्यूयॉर्क स्थित इंडियन अमेरिकन मुस्लिम काउंसिल से परामर्श लेने की बात कही थी।
अल्पसंख्यकों के अधिकारों पर जोर
भारत ने दोहराया कि देश का संविधान
- सभी नागरिकों को समान अधिकार देता है
- अल्पसंख्यकों की पहचान और अधिकारों की रक्षा करता है
साथ ही, वक्फ़ कानून में महिलाओं के अधिकारों को भी मजबूत किया गया है।
- केंद्रीय वक्फ़ परिषद और राज्य बोर्ड में कम से कम दो मुस्लिम महिलाओं को शामिल करना अनिवार्य है
- महिलाओं के उत्तराधिकार अधिकार भी सुनिश्चित किए गए हैं
बहुसांस्कृतिक मूल्यों की प्रतिबद्धता
भारत ने कहा कि वह अपने बहुसांस्कृतिक चरित्र और लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति पूरी तरह प्रतिबद्ध है और सभी समुदायों के सशक्तिकरण के लिए लगातार काम कर रहा है।
