5वें दिन श्रीलंका ने पलट दी पूरी बाजी! 🇱🇰 सोनल दिनुषा के नाबाद शतक ने भारत के हाथ से जीत छीन ली और कोलंबो टेस्ट ड्रॉ हो गया।

भारत और श्रीलंका के बीच कोलंबो में खेला गया दूसरा टेस्ट बेहद रोमांचक अंदाज में ड्रॉ पर खत्म हुआ। मैच के चौथे दिन तक भारतीय टीम जीत की मजबूत स्थिति में दिखाई दे रही थी, लेकिन पांचवें दिन श्रीलंकाई बल्लेबाजों ने ऐसा पलटवार किया कि टीम इंडिया के हाथ से लगभग तय नजर आ रही जीत निकल गई।
श्रीलंका ने अपनी दूसरी पारी 429/9 के स्कोर पर घोषित कर दी। इसके बाद दोनों टीमों के खिलाड़ियों ने हाथ मिलाया और मुकाबला समाप्त हो गया। भारत ने हालांकि दो मैचों की टेस्ट सीरीज 1-0 से अपने नाम कर ली। भारत ने पहले टेस्ट में श्रीलंका को 165 रन से हराया था। इस मैच के सबसे बड़े हीरो श्रीलंका के सोनल दिनुषा रहे, जिन्होंने दोनों पारियों में शानदार शतक लगाकर अपनी टीम को हार से बचाया।
सोनल दिनुषा ने दोनों पारियों में जड़ा शतक
सोनल दिनुषा ने कोलंबो टेस्ट में शानदार बल्लेबाजी करते हुए पहली और दूसरी दोनों पारियों में शतक लगाया। पहली पारी में वह नंबर-7 पर बल्लेबाजी करने उतरे और 162 गेंदों में 103 रन बनाए। उनकी पारी में 8 चौके और 3 छक्के शामिल रहे।
इसके बाद फॉलोऑन के दौरान जब श्रीलंका दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने उतरा तो दिनुषा को नंबर-6 पर भेजा गया। उन्होंने एक बार फिर भारतीय गेंदबाजों का डटकर सामना किया और 133 रन की नाबाद पारी खेली। इस पारी में उन्होंने 8 चौके और 2 छक्के लगाए।
उनकी इस पारी ने भारत की जीत की उम्मीदों पर पानी फेर दिया।
टीम इंडिया ने पहली पारी में बनाया था 503 रन
मैच में भारत ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया था। भारतीय टीम ने पहली पारी में 9 विकेट पर 503 रन बनाकर पारी घोषित कर दी। भारत की ओर से देवदत्त पडिक्कल ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए 117 रन बनाए। उन्होंने अपनी पारी में 12 चौके लगाए। इसके अलावा ध्रुव जुरेल ने भी शानदार शतक लगाया। जुरेल 115 रन बनाकर नाबाद रहे। उनकी पारी में 9 चौके और 2 छक्के शामिल थे। ऋषभ पंत ने 63 रन और कप्तान शुभमन गिल ने 50 रन की पारियां खेलकर भारत के बड़े स्कोर में योगदान दिया। श्रीलंका की ओर से असिथा फर्नांडो सबसे सफल गेंदबाज रहे और उन्होंने 4 विकेट हासिल किए।
290 रन पर ऑलआउट हुआ श्रीलंका
भारत के 503 रन के जवाब में श्रीलंका की पहली पारी ज्यादा देर नहीं टिक सकी। पूरी टीम 290 रन पर ऑलआउट हो गई। इस तरह श्रीलंका भारत से पहली पारी के आधार पर 213 रन पीछे रह गया। श्रीलंका फॉलोऑन बचाने के लिए जरूरी स्कोर तक नहीं पहुंच सका। भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने स्थिति को देखते हुए श्रीलंका को फॉलोऑन देने का फैसला किया और मेजबान टीम को दोबारा बल्लेबाजी के लिए उतरना पड़ा।
चौथे दिन तक भारत की जीत लगभग तय लग रही थी
श्रीलंका ने दूसरी पारी में शुरुआत में संघर्ष किया। चौथे दिन का खेल खत्म होने तक टीम ने 6 विकेट पर 229 रन बनाए थे। श्रीलंका के पास उस समय केवल 16 रन की बढ़त थी। भारतीय टीम को उम्मीद थी कि पांचवें दिन जल्दी से श्रीलंका को ऑलआउट कर कम लक्ष्य का पीछा किया जा सकता है। क्रिकेट फैंस और विशेषज्ञों को लग रहा था कि भारत के लिए पांचवें दिन जीत हासिल करना केवल औपचारिकता रह जाएगी। लेकिन पांचवें दिन मैदान पर कहानी पूरी तरह बदल गई।
पांचवें दिन श्रीलंका ने पलट दिया पूरा मैच
पांचवें दिन श्रीलंका के निचले क्रम के बल्लेबाजों ने भारतीय गेंदबाजों के सामने जबरदस्त संघर्ष दिखाया। श्रीलंका ने पांचवें दिन करीब 200 रन जोड़े और इस दौरान केवल 3 विकेट गंवाए। टीम के बल्लेबाजों ने लगभग 90 ओवर तक क्रीज पर टिककर भारतीय गेंदबाजों को विकेट के लिए तरसा दिया। इस दौरान सोनल दिनुषा ने मोर्चा संभाले रखा और नाबाद शतक लगाकर भारत की जीत की उम्मीदें खत्म कर दीं। भारतीय गेंदबाजों के लिए पांचवां दिन बेहद निराशाजनक रहा। उन्हें श्रीलंकाई बल्लेबाजों को आउट करने में काफी परेशानी हुई।
सोनल दिनुषा के अलावा श्रीलंका की दूसरी पारी में पसिंदु सूरियाबंदारा ने 92 रन की महत्वपूर्ण पारी खेली। उन्होंने दिनुषा के साथ मिलकर श्रीलंका की पारी को मजबूती दी। दोनों बल्लेबाजों ने भारतीय गेंदबाजों पर दबाव बनाए रखा और मैच को भारत की पहुंच से दूर कर दिया।
इसके अलावा कामिंदु मेंडिस ने 55 रन बनाए, जबकि नंबर-8 पर बल्लेबाजी करने आए केशरा नुवानथा ने 46 रन की उपयोगी पारी खेली। निचले क्रम के इन बल्लेबाजों के योगदान ने श्रीलंका को 400 के पार पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई।
भारत की ओर से जडेजा और मानव सुथार को 3-3 विकेट
श्रीलंका की दूसरी पारी में भारतीय गेंदबाजों को काफी संघर्ष करना पड़ा। भारत की ओर से रवींद्र जडेजा और मानव सुथार ने 3-3 विकेट हासिल किए। लेकिन श्रीलंकाई बल्लेबाजों ने लगातार क्रीज पर टिके रहकर गेंदबाजों को परेशान किया। खासकर पांचवें दिन भारतीय गेंदबाजों को विकेट नहीं मिल पाने के कारण श्रीलंका ने अपनी स्थिति मजबूत कर ली। अंत में श्रीलंका ने 429/9 के स्कोर पर पारी घोषित कर दी और भारत को लक्ष्य का पीछा करने का पर्याप्त समय ही नहीं मिला।
सोनल दिनुषा बने मैच के सबसे बड़े सितारे
कोलंबो टेस्ट में अगर किसी एक खिलाड़ी ने सबसे ज्यादा प्रभावित किया तो वह सोनल दिनुषा रहे। पहली पारी में 103 रन और दूसरी पारी में 133 रन की नाबाद पारी के साथ उन्होंने न केवल व्यक्तिगत रिकॉर्ड बनाए, बल्कि श्रीलंका को एक निश्चित हार से भी बचाया। खास बात यह रही कि उन्होंने दोनों पारियों में निचले क्रम में बल्लेबाजी करते हुए बड़ी पारियां खेलीं। उनका धैर्य और दबाव में बल्लेबाजी करने की क्षमता इस मुकाबले में श्रीलंका के लिए सबसे बड़ा अंतर साबित हुई।
