₹1.11 लाख का iPhone ऑर्डर किया, लेकिन डिब्बे से निकला दाढ़ी बढ़ाने का तेल! 📦📱 कोर्ट ने Flipkart और विक्रेता पर लगाया भारी जुर्माना।
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ऑनलाइन शॉपिंग आज लोगों की जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुकी है। लेकिन कई बार ग्राहकों को गलत या अलग प्रोडक्ट मिलने की शिकायतें भी सामने आती रहती हैं। ऐसा ही एक चौंकाने वाला मामला मुंबई से सामने आया है, जहां एक ग्राहक ने Flipkart से iPhone 14 Pro (128GB) ऑर्डर किया, लेकिन डिलीवरी बॉक्स खोलने पर उसमें दाढ़ी बढ़ाने वाला तेल (Beard Growth Oil) निकला। मामला उपभोक्ता अदालत (Consumer Court) तक पहुंचा, जहां कोर्ट ने ग्राहक के पक्ष में फैसला सुनाते हुए फ्लिपकार्ट और विक्रेता पर जुर्माना लगाया।
क्या है पूरा मामला?
मुंबई निवासी एक ग्राहक ने Flipkart से ₹1.11 लाख कीमत का iPhone 14 Pro खरीदा था। समय पर पार्सल तो पहुंच गया, लेकिन जब ग्राहक ने बॉक्स खोला तो उसमें मोबाइल फोन की जगह Beard Growth Oil था। ग्राहक ने इसकी शिकायत Flipkart और संबंधित विक्रेता से की, लेकिन समाधान नहीं मिलने पर उसने उपभोक्ता अदालत का रुख किया।
कोर्ट ने क्या फैसला सुनाया?
मामले की सुनवाई के बाद उपभोक्ता अदालत ने ग्राहक के पक्ष में फैसला सुनाते हुए आदेश दिया कि—
- ग्राहक को ₹1.11 लाख से अधिक की राशि वापस की जाए।
- ₹70,000 मुआवजे और मुकदमेबाजी के खर्च के रूप में दिए जाएं।
- फ्लिपकार्ट और संबंधित विक्रेता दोनों इस मामले में संयुक्त रूप से जिम्मेदार होंगे।
कोर्ट ने क्या कहा?
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म केवल बिक्री कराने तक अपनी जिम्मेदारी से मुक्त नहीं हो सकते।
कोर्ट के अनुसार—
- ग्राहक ने निर्धारित भुगतान कर सही तरीके से ऑर्डर दिया था।
- सही उत्पाद की डिलीवरी सुनिश्चित करना प्लेटफॉर्म और विक्रेता दोनों की जिम्मेदारी है।
- ग्राहक की शिकायत को बिना उचित समाधान के बार-बार बंद करना सेवा में कमी (Deficiency in Service) माना जाएगा।
विक्रेता भी पाया गया दोषी….
कोर्ट ने संबंधित विक्रेता International Value Retail Private Limited को भी सेवा में कमी का दोषी माना। अदालत ने कहा कि कई शिकायतों के बावजूद विक्रेता ग्राहक को सही iPhone उपलब्ध कराने या समस्या का समाधान करने में असफल रहा।
ऑनलाइन शॉपिंग करते समय रखें ये सावधानियां :-
महंगे प्रोडक्ट खरीदते समय इन बातों का ध्यान जरूर रखें—
- Open Box Delivery उपलब्ध हो तो उसी विकल्प का चुनाव करें।
- डिलीवरी लेते समय अनबॉक्सिंग का वीडियो रिकॉर्ड करें।
- केवल अधिकृत विक्रेता (Authorized Seller) से ही खरीदारी करें।
- बिल, ऑर्डर डिटेल और भुगतान का रिकॉर्ड सुरक्षित रखें।
- समस्या होने पर तुरंत कस्टमर सपोर्ट और जरूरत पड़ने पर उपभोक्ता आयोग में शिकायत दर्ज करें।
निष्कर्ष….
यह मामला ऑनलाइन शॉपिंग करने वाले ग्राहकों के लिए एक महत्वपूर्ण सीख है। यदि गलत उत्पाद की डिलीवरी होती है और कंपनी समाधान नहीं देती, तो उपभोक्ता अपने अधिकारों के लिए कानूनी रास्ता अपना सकते हैं। साथ ही, ई-कॉमर्स कंपनियों की भी जिम्मेदारी है कि वे ग्राहकों तक सही उत्पाद सुरक्षित तरीके से पहुंचाना सुनिश्चित करें।
