महंगे फेशियल को कहें बाय! चावल, अलसी और एलोवेरा से बनाएं होममेड स्किन क्रीम, पाएं ग्लोइंग स्किन।

बढ़ती उम्र के साथ त्वचा पर फाइन लाइंस, झुर्रियां और रूखापन नजर आना आम बात है। ऐसे में लोग एंटी-एजिंग क्रीम, सीरम और फेशियल पर काफी पैसा खर्च करते हैं। सोशल मीडिया और लाइफस्टाइल रिपोर्ट्स में इन दिनों चावल, अलसी और एलोवेरा से बनी होममेड क्रीम का भी जिक्र हो रहा है। दावा किया जाता है कि इससे त्वचा को नमी मिल सकती है और स्किन ज्यादा मुलायम व ग्लोइंग दिखाई दे सकती है। इसे सीधे ‘कोलेजन क्रीम’ कहना सही नहीं होगा। इन घरेलू चीजों से त्वचा में कोलेजन बनने का पुख्ता चिकित्सकीय प्रमाण नहीं है। इसलिए इसे एक घरेलू मॉइस्चराइजिंग उपाय की तरह ही देखना बेहतर है।
किन चीजों की जरूरत होगी….?
इस होममेड क्रीम के लिए ये चीजें इस्तेमाल की जाती हैं:
- 1 बड़ा चम्मच चावल का आटा
- 2 बड़े चम्मच अलसी के बीज
- 2 बड़े चम्मच ताजा एलोवेरा जेल
- 2-3 बड़े चम्मच गुलाब जल
- 1 छोटा चम्मच बादाम का तेल या 1 विटामिन-E कैप्सूल
ये सामग्री और उनकी मात्रा संबंधित वायरल/लाइफस्टाइल रेसिपी में बताई गई है।
कैसे बनाएं अलसी का जेल….?
सबसे पहले एक कप पानी में करीब दो चम्मच अलसी डालकर धीमी आंच पर 5-7 मिनट तक उबालें। जब पानी थोड़ा गाढ़ा और जेल जैसा हो जाए तो इसे ठंडा होने से पहले मलमल के कपड़े या बारीक छलनी से छान लें। इससे आपको अलसी का चिपचिपा जेल मिल जाएगा।
चावल का पेस्ट ऐसे करें तैयार….
अब एक अलग बर्तन में चावल का आटा और गुलाब जल मिलाएं। इसे धीमी आंच पर करीब 1-2 मिनट तक पकाएं और लगातार चलाते रहें। जब मिश्रण स्मूद पेस्ट जैसा हो जाए तो गैस बंद कर दें। इसके बाद अलसी के जेल, चावल के पेस्ट और एलोवेरा जेल को एक साफ कटोरी में मिलाएं। इसमें बादाम का तेल या विटामिन-E भी डाला जा सकता है। सभी चीजों को अच्छी तरह मिलाकर क्रीमी टेक्सचर तैयार करें।
चेहरे पर कैसे लगाएं….?
रात में चेहरा साफ करने के बाद थोड़ी मात्रा में मिश्रण चेहरे और गर्दन पर लगाया जा सकता है। हल्के हाथों से कुछ मिनट मसाज करने के बाद इसे धोया जा सकता है। पहली बार इस्तेमाल करने से पहले त्वचा के छोटे हिस्से पर पैच टेस्ट करना बेहतर है। अगर जलन, खुजली, लालिमा या सूजन हो तो इसे चेहरे पर इस्तेमाल न करें। अमेरिकन एकेडमी ऑफ डर्मेटोलॉजी भी नए स्किनकेयर प्रोडक्ट को पहले छोटे हिस्से पर टेस्ट करने की सलाह देती है।
क्या इससे सच में कोलेजन बढ़ता है….?
यह सबसे जरूरी सवाल है। चावल, अलसी और एलोवेरा से बनी इस क्रीम को कोलेजन बढ़ाने वाली साबित हुई क्रीम नहीं माना जा सकता। इससे त्वचा को नमी मिलने के कारण वह अस्थायी रूप से ज्यादा मुलायम और प्लंप दिखाई दे सकती है, जिससे फाइन लाइंस कम नजर आ सकती हैं। झुर्रियों और त्वचा की उम्र बढ़ने के संकेतों के लिए डर्मेटोलॉजिस्ट द्वारा सुझाए गए विकल्पों में मॉइस्चराइजर, सनस्क्रीन और कुछ मामलों में रेटिनॉइड/रेटिनॉल जैसे वैज्ञानिक रूप से अध्ययन किए गए ingredients शामिल हैं।
होममेड क्रीम को लंबे समय तक स्टोर करने से बचें….
यहां सावधानी बेहद जरूरी है। चूंकि इस तरह की होममेड क्रीम में पानी, एलोवेरा और दूसरे प्राकृतिक ingredients होते हैं और इसमें किसी प्रमाणित preservative system का इस्तेमाल नहीं होता, इसलिए इसमें बैक्टीरिया या फंगस पनपने का खतरा हो सकता है। FDA भी बिना प्रभावी preservation वाली कॉस्मेटिक चीजों में microbial contamination के जोखिम की चेतावनी देता है। इसलिए इसे कई दिनों तक रखकर इस्तेमाल करने के बजाय कम मात्रा में ताजा बनाना ज्यादा सुरक्षित विकल्प है। बदबू, रंग या texture में बदलाव नजर आए तो इसे तुरंत फेंक दें।
ग्लोइंग और हेल्दी स्किन के लिए सबसे जरूरी क्या है….?
अगर आप त्वचा को लंबे समय तक स्वस्थ और जवां बनाए रखना चाहते हैं तो सिर्फ किसी एक होममेड क्रीम पर निर्भर न रहें। रोजाना मॉइस्चराइजर और SPF 30 या उससे ज्यादा वाला ब्रॉड-स्पेक्ट्रम सनस्क्रीन इस्तेमाल करना त्वचा की समय से पहले होने वाली एजिंग से बचाव में महत्वपूर्ण है।
निष्कर्ष: चावल, अलसी और एलोवेरा से बनी यह होममेड क्रीम त्वचा को मॉइस्चराइज करने में मदद कर सकती है, लेकिन इसे झुर्रियां खत्म करने या शरीर में कोलेजन बढ़ाने का वैज्ञानिक रूप से प्रमाणित इलाज नहीं माना जाना चाहिए। संवेदनशील त्वचा, एलर्जी या किसी त्वचा रोग की स्थिति में इस्तेमाल से पहले डर्मेटोलॉजिस्ट की सलाह लेना बेहतर है।
