कोलंबो टेस्ट हाथ से निकलने के बाद शुभमन गिल ने बताई पूरी कहानी!

भारत और श्रीलंका के बीच कोलंबो में खेला गया दूसरा टेस्ट रोमांचक मुकाबले के बाद ड्रॉ पर समाप्त हुआ। मैच के पांचवें दिन भारतीय टीम जीत की मजबूत स्थिति में थी, लेकिन श्रीलंका के निचले क्रम के बल्लेबाजों ने शानदार संघर्ष करते हुए भारत को विकेट के लिए तरसा दिया। चौथे दिन का खेल खत्म होने तक श्रीलंका ने दूसरी पारी में 6 विकेट पर 229 रन बनाए थे और उसके पास सिर्फ 16 रन की बढ़त थी। ऐसे में उम्मीद थी कि भारतीय गेंदबाज पांचवें दिन जल्दी से बाकी विकेट हासिल कर मैच अपने नाम कर लेंगे। लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
सोनल दिनुषा और श्रीलंका के निचले क्रम के बल्लेबाजों ने भारतीय गेंदबाजों का डटकर सामना किया। अंत में श्रीलंका ने 429/9 पर पारी घोषित कर दी और मुकाबला ड्रॉ हो गया। मैच के बाद भारतीय कप्तान शुभमन गिल ने टीम के प्रदर्शन और फॉलोऑन के फैसले को लेकर खुलकर बात की।
‘हमने अपनी तरफ से पूरी कोशिश की’
मैच के बाद प्रेजेंटेशन में जब शुभमन गिल से पूछा गया कि भारत इस मुकाबले में क्या अलग कर सकता था, तो उन्होंने किसी एक गलती को जिम्मेदार नहीं ठहराया। गिल ने कहा कि टीम ने अपनी तरफ से पूरी कोशिश की, लेकिन श्रीलंकाई बल्लेबाजों ने काफी अच्छा खेल दिखाया। उन्होंने खास तौर पर विरोधी टीम के बल्लेबाजों की तारीफ की। उनके मुताबिक, तीन दिनों तक मैदान पर काफी ओवर फील्डिंग करने के बाद भी भारतीय खिलाड़ियों ने पूरी कोशिश की, लेकिन श्रीलंका के बल्लेबाजों ने दबाव में शानदार प्रदर्शन किया और उन्हें कुछ मौकों पर किस्मत का साथ भी मिला।
श्रीलंका के निचले क्रम ने बदला मैच
पांचवें दिन भारत की सबसे बड़ी चुनौती श्रीलंका का निचला क्रम बना। सोनल दिनुषा ने एक बार फिर शानदार बल्लेबाजी करते हुए नाबाद शतक लगाया। दिनुषा ने पहली पारी में भी 103 रन बनाए थे और दूसरी पारी में 133 रन की नाबाद पारी खेली। उनके अलावा श्रीलंका के दूसरे बल्लेबाजों ने भी लंबे समय तक क्रीज पर टिककर भारतीय गेंदबाजों को परेशान किया।
गिल ने श्रीलंकाई टीम की वापसी को शानदार बताते हुए कहा कि उन्होंने दबाव में खेलते हुए मुकाबले में वापसी की और भारतीय टीम को भी इससे सीखने का मौका मिला।
गिल ने की मानव सुतार की जमकर तारीफ
भारतीय कप्तान ने युवा स्पिनर मानव सुतार के प्रदर्शन को भी खास तौर पर सराहा।
गिल ने कहा कि सुतार की कई चीजों ने उन्हें प्रभावित किया। खासकर गेंद को छोड़ने की उनकी निरंतरता, कलाई और उंगलियों से गेंद को रिलीज करने का तरीका उन्हें पसंद आया।
भारतीय कप्तान का मानना है कि सुतार आने वाले समय में टीम के लिए महत्वपूर्ण गेंदबाज साबित हो सकते हैं।
पडिक्कल और राहुल की भी तारीफ
शुभमन गिल ने मैच में भारतीय टीम के सकारात्मक पहलुओं का भी जिक्र किया। उन्होंने देवदत्त पडिक्कल, मानव सुतार और केएल राहुल के प्रदर्शन की तारीफ की। पडिक्कल ने पहली पारी में शानदार 117 रन बनाए थे। ध्रुव जुरेल ने भी 115 रन की नाबाद पारी खेलकर भारत को 503/9 के बड़े स्कोर तक पहुंचाने में अहम योगदान दिया था।
गिल ने कहा कि टीम के तेज गेंदबाजों ने भी अपनी तरफ से पूरी कोशिश की। उनके मुताबिक भारतीय टीम के लिए मैदान के अंदर और बाहर तैयारी, प्रदर्शन और काम करने के तरीके में निरंतरता बनाए रखना महत्वपूर्ण है।
फॉलोऑन देने के फैसले पर क्या बोले गिल?
भारत ने पहली पारी में 503/9 रन बनाकर पारी घोषित की थी। इसके जवाब में श्रीलंका की टीम 290 रन पर ऑलआउट हो गई और 213 रन पीछे रह गई।
श्रीलंका के फॉलोऑन नहीं बचा पाने के बाद गिल ने उन्हें दोबारा बल्लेबाजी के लिए बुलाया। उस समय भारत की स्थिति बेहद मजबूत नजर आ रही थी। लेकिन श्रीलंका ने दूसरी पारी में शानदार बल्लेबाजी की और मैच को ड्रॉ करा लिया। फॉलोऑन के फैसले पर गिल ने कहा कि ऐसे फैसलों का आकलन मैच खत्म होने के बाद किया जा सकता है। उस समय जो फैसला सबसे बेहतर लगता है, कप्तान उसी के अनुसार आगे बढ़ता है। उन्होंने माना कि इस बार यह फैसला भारतीय टीम के पक्ष में नहीं गया, लेकिन उस समय टीम को यही सही विकल्प लगा था।
‘आज टेस्ट क्रिकेट की जीत हुई’
शुभमन गिल ने मुकाबले को लेकर सकारात्मक नजरिया भी रखा। उनके मुताबिक मैच में कई अच्छी चीजें देखने को मिलीं और अंत में यह टेस्ट क्रिकेट की जीत रही। भारत भले ही मैच जीतने में कामयाब नहीं हुआ, लेकिन टीम ने दो मैचों की टेस्ट सीरीज 1-0 से अपने नाम कर ली। पहले टेस्ट में भारत ने श्रीलंका को 165 रन से हराया था। दूसरे टेस्ट में भारत जीत के बेहद करीब पहुंचने के बाद ड्रॉ से संतोष करने पर मजबूर हुआ।
WTC फाइनल पर गिल का बड़ा भरोसा
शुभमन गिल ने आगे भारतीय टीम के वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2027 फाइनल के लक्ष्य को लेकर भी भरोसा जताया। उन्होंने कहा कि अब टीम के लिए न्यूजीलैंड के खिलाफ आगामी सीरीज महत्वपूर्ण होगी। इसके बाद भारत का घरेलू सीजन भी अहम रहने वाला है। गिल को उम्मीद है कि इन मुकाबलों में अच्छा प्रदर्शन करते हुए भारतीय टीम WTC 2027 के फाइनल में जगह बनाने में सफल रहेगी।
भारत के लिए क्या सीख रहा कोलंबो टेस्ट?
कोलंबो टेस्ट भारतीय टीम के लिए कई मायनों में सीख देने वाला रहा। पहली पारी में 503 रन बनाने और विपक्षी टीम को 290 रन पर आउट करने के बाद भारत मजबूत स्थिति में था। फॉलोऑन के बाद श्रीलंका की दूसरी पारी में भारतीय गेंदबाजों को विकेट हासिल करने में परेशानी हुई। खासतौर पर निचले क्रम के बल्लेबाजों ने लंबी साझेदारियां और महत्वपूर्ण पारियां खेलीं। यह मुकाबला दिखाता है कि टेस्ट क्रिकेट में आखिरी विकेट तक मुकाबला खत्म नहीं होता। एक मजबूत स्थिति के बावजूद विपक्षी टीम का संघर्ष मैच का पूरा रुख बदल सकता है।
