1 सितंबर से बदल जाएगा Air India का फ्लाइट शेड्यूल! कई घरेलू और इंटरनेशनल उड़ानें फिर शुरू होंगी, जानें किन रूट्स पर बढ़ेंगी फ्लाइट्स।

अगर आप सितंबर के बाद एयर इंडिया से हवाई सफर करने वाले हैं तो आपके लिए जरूरी खबर है। एयर इंडिया 1 सितंबर 2026 से अपने फ्लाइट ऑपरेशन में बदलाव करने जा रही है। जुलाई और अगस्त के दौरान जिन घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की संख्या कम की गई थी, उनमें से ज्यादातर सेवाओं को दोबारा शुरू करने की तैयारी है। इसके अलावा आने वाले विंटर सीजन को देखते हुए कुछ इंटरनेशनल रूट्स पर फ्लाइट्स की संख्या बढ़ाई जाएगी। इसका मतलब है कि यात्रियों को सितंबर के बाद कई रूट्स पर पहले की तुलना में ज्यादा विकल्प मिल सकते हैं।
इन इंटरनेशनल रूट्स पर बढ़ेंगी उड़ानें….
Air India की योजना के मुताबिक फ्रैंकफर्ट, ज्यूरिख, वियना, मेलबर्न, टोक्यो और न्यूयॉर्क जैसे प्रमुख अंतरराष्ट्रीय रूट्स पर उड़ानों की संख्या बढ़ाई जाएगी। इन रूट्स पर यात्रा करने वाले यात्रियों को अपनी तारीख और सुविधा के हिसाब से फ्लाइट चुनने के अधिक विकल्प मिल सकते हैं। हालांकि, किसी खास तारीख पर सीट उपलब्धता और फ्लाइट की संख्या एयरलाइन के वास्तविक शेड्यूल पर निर्भर करेगी।
जुलाई-अगस्त में क्यों कम हुई थीं उड़ानें….?
पिछले कुछ महीनों में एयरलाइन के ऑपरेशन पर कई तरह के दबाव देखने को मिले थे। ईंधन की कीमतों में बढ़ोतरी और अन्य परिचालन चुनौतियों के चलते एयर इंडिया ने कुछ घरेलू और अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को कम करने का फैसला किया था। जून से अगस्त के दौरान कुछ इंटरनेशनल फ्लाइट्स की संख्या में करीब 27 फीसदी तक की कटौती की गई थी। कुछ रूट्स पर उड़ानों की संख्या घटाई गई, जबकि कुछ सेवाओं को अस्थायी रूप से रोक भी दिया गया था। इनमें दिल्ली-शिकागो, दिल्ली-न्यूयॉर्क, मुंबई-न्यूयॉर्क, दिल्ली-शंघाई, चेन्नई-सिंगापुर, मुंबई-ढाका और दिल्ली-माले जैसे रूट शामिल थे।
घरेलू उड़ानों पर भी पड़ा था असर….
अंतरराष्ट्रीय सेवाओं के साथ घरेलू उड़ानों में भी कमी की गई थी। जुलाई और अगस्त में एयर इंडिया के घरेलू ऑपरेशन में करीब 20 से 22 फीसदी तक की कटौती की गई थी। एयरलाइन सामान्य तौर पर हर सप्ताह करीब 3,600 घरेलू उड़ानें संचालित करती है। इस हिसाब से 22 फीसदी तक की कटौती का मतलब प्रति सप्ताह सैकड़ों उड़ानों में कमी होना था। एयरलाइन की ओर से उस समय बताया गया था कि परिचालन परिस्थितियों में सुधार होने पर उड़ानों की संख्या फिर बढ़ाई जाएगी।
यात्रियों को क्या फायदा होगा….?
अगर कम की गई उड़ानों को सितंबर से दोबारा शुरू किया जाता है तो यात्रियों को कई रूट्स पर अधिक विकल्प मिल सकते हैं। खासकर इंटरनेशनल ट्रैवल करने वाले यात्रियों के लिए फ्लाइट टाइमिंग चुनना पहले के मुकाबले आसान हो सकता है। जिन यात्रियों की उड़ानें पहले प्रभावित हुई थीं, उन्हें एयरलाइन की नीतियों के अनुसार दूसरी फ्लाइट में यात्रा करने, बिना अतिरिक्त शुल्क के तारीख बदलने या रिफंड लेने जैसे विकल्प दिए गए थे।
टिकट बुक करने से पहले जरूर चेक करें नया शेड्यूल :-
अगर आप सितंबर या उसके बाद एयर इंडिया से यात्रा करने की योजना बना रहे हैं तो टिकट बुक करने से पहले अपनी यात्रा की तारीख और रूट के अनुसार नया फ्लाइट शेड्यूल जरूर देख लें। सिर्फ यह मानकर टिकट बुक न करें कि हर रूट पर उड़ानों की संख्या बढ़ गई है। अलग-अलग शहरों के लिए फ्लाइट फ्रीक्वेंसी अलग हो सकती है और समय में भी बदलाव संभव है।
नोट: फ्लाइट शेड्यूल और उपलब्धता में एयरलाइन की ओर से बदलाव किया जा सकता है। टिकट बुक करने से पहले एयर इंडिया के आधिकारिक शेड्यूल और बुकिंग विवरण की जांच जरूर करें।
